जीव जीता कैसे हैं। उत्तर तत्वार्थ सूत्र में स्थित है

Philosophy 186 views Asked 22 November, 2025

Quick Answer

जीव जीता का अर्थ है जीव का जीवित रहना या जीवन प्राप्त करना। तत्वार्थ सूत्र में जीव की जीवित रहने की प्रक्रिया और उसके गुणों का वर्णन है, जिसमें कायोत्सर्ग और सम्यक् आचरण प्रमुख भूमिका निभाते हैं। कुछ ग्रंथों में जीव की क्रियाशीलता और भाववती शक्तियों का भी उल्लेख मिलता है।

Detailed Answer

तत्वार्थ सूत्र में जीव के जीवित रहने की प्रक्रिया को समझाने के लिए कायोत्सर्ग का महत्व बताया गया है। कायोत्सर्ग का फल जीव को विभिन्न गुणों की प्राप्ति कराता है, जो उसकी जीवित रहने की क्षमता को बढ़ाते हैं। यह प्रक्रिया जीव के अंदर की भाववती और क्रियावती शक्तियों के संतुलन और विकास से जुड़ी होती है। जीव का जीवन केवल शारीरिक अस्तित्व तक सीमित नहीं है, बल्कि उसमें आत्मा के गुणों और कर्मों का भी प्रभाव होता है।

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